उत्तर प्रदेश की सियासत में उस समय हलचल तेज हो गई जब Akhilesh Yadav ने भारतीय जनता पार्टी के दोनों उपमुख्यमंत्रियों को लेकर बड़ा बयान दे दिया। अखिलेश ने तंज कसते हुए कहा कि अगर BJP के डिप्टी सीएम 100 विधायक लेकर आ जाएं तो वे उन्हें मुख्यमंत्री बनाने को तैयार हैं।
अखिलेश का यह बयान सीधे तौर पर Keshav Prasad Maurya और Brajesh Pathak को संबोधित माना जा रहा है। उन्होंने कहा कि भाजपा के अंदर खींचतान चल रही है और डिप्टी सीएम की अनदेखी हो रही है। ऐसे में अगर वे अपने समर्थन में 100 विधायक जुटा लें तो समाजवादी पार्टी उन्हें मुख्यमंत्री पद देने पर विचार कर सकती है।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह बयान 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले सियासी रणनीति का हिस्सा हो सकता है। सपा प्रमुख का मकसद भाजपा के अंदर असंतोष की हवा को और तेज करना हो सकता है।
वहीं भाजपा नेताओं ने इस बयान को हास्यास्पद और निराधार बताया है। पार्टी का कहना है कि भाजपा पूरी तरह एकजुट है और प्रदेश में नेतृत्व को लेकर कोई भ्रम की स्थिति नहीं है।
गौरतलब है कि Yogi Adityanath के नेतृत्व में भाजपा सरकार काम कर रही है और डिप्टी सीएम की भूमिका संगठन और सरकार दोनों में अहम मानी जाती है।
